मुंबई. सिंगिग रियलिटी शो ‘इंडियन आइडल 12 पिछले कुछ दिनों से शो में चल रहे कंट्रोवर्सी के चलते सुर्खियों में बना हुआ है. सोशल मीडिया पर यूजर्स कभी मेकर्स और जजों पर अपनी गुस्सा निकाल रहे हैं, तो कभी कंटेस्टेट्स को ट्रोल कर रहे हैं. अब इसपर 90 के दशक में बॉलीवुड प्लेबैक सिंगिंग पर राज करने वाले कुमार शानू ने अपनी बात रखी है. उन्होंने कहा है कि इंडियन आइडल जैसे सिंगिंग रियलिटी शो प्रतिभाओं को खोजने का एक मंच प्रदान करते हैं.
कुमार शानू ने बताया कि कैसे म्यूजिक इंडस्ट्री पिछले कुछ वर्षों में बदल गया है. शानू से सवाल किया गया कि इंडियन आइडल जैसे सिंगिंग रियलिटी शो की काफी चर्चा है. क्या आपको लगता है कि वो टैलेंट को बढ़ावा देने में कोई भूमिका निभाते हैं? इसके जवाब में कुमार शानू ने कहा- जितना गॉसिप होगा, उतना टीआरपी बढ़ेगा, समझा करो.
यह कोई बड़ी बात नहीं है. टैलेंट अपना रास्ता खोज लोती है और ये शो टैलेंट को सामने लाते हैं. इंडियन आइडल ही नहीं, हर शो ऐसी प्रतिभा को सार्वजनिक मंच पर लाते हैं. हो सकता है कि उन्हें इंडस्ट्री में मौका न मिले, उन्हें इस मंच पर कुछ काम और पैसा कमाने का मौका मिल सकता है.’
बताते चलें कि, हाल ही के फादर्स डे स्पेशल एपिसोड के बाद एक बार फिर से ‘इंडियन आइडल के खिलाफ सोशल मीडिया पर लोग जमकर गुस्सा निकाला. सोशल मीडिया पर लोगों ने इसकी तुलना डेली सोप से कर दी है. सोशल मीडिया पर मीम्स खूब वायरल हो रहे हैं.
दरअसल, ‘इंडियन आइडल में शनिवार को फादर्स डे स्पेशल एपिसोड प्रसारित किया गया था. सभी कंटेस्टेंट्स ने पापा के लिए स्पेशल परफॉमेंस दी. कई यूजर्स का कहना है कि मेकर्स शो के ओरिजनल प्लॉट से भटक गए हैं और उन्होंने इसे डेली सोप बना दिया है. आपको बता दें कि इससे पहले भी ये शो दर्शकों के निशाने पर आ चुका है. सिंगर अमित कुमार तब सबको ये बोलकर चौंका दिया थी कि उन्हें कंटेस्टेंट की तारीफ करने के लिए कहा गया था.