रांची। झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के चौथे दिन गुरुवार को भी विपक्ष के विधायकों ने विधानसभा के मुख्य द्वार पर प्रदर्शन किया। विपक्ष के विधायकों ने भ्रष्टाचारी मुख्यमंत्री इस्तीफा दो, खदान लूटनेवाली सरकार इस्तीफा दो के नारे लगाए।
विधायक अमर कुमार बाउरी ने कहा कि झारखंड पहला राज्य है, जहां मुख्यमंत्री समेत उनके मंत्रिमंडल के कई मंत्री और अधिकारी भरष्टाचार में लिप्त हैं। ऐसी सरकार को सत्ता में बने रहने का कोई अधिकार नहीं है।बाउरी ने कहा कि झूठे वादों के बल पर सत्ता में आई यह सरकार जनता के कल्याण की जगह अपनी जेब भरने में लगी हुई है। नियोजन नीति का नहीं बनना, स्थानीय नीति पर जनता को गुमराह करना इस सरकार की नियति है।
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विधायक अनंत ओझा ने कहा कि हेमन्त सरकार मुस्लिम तुष्टीकरण पर काम कर रही है। संथाल में बांग्लादेशी घुसपैठियों के द्वारा लगातार कुकृत्य किये जा रहे हैं लेकिन ये सरकार उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। विधायक बिरंची नारायण ने कहा कि राज्य में असुरक्षा का माहौल है। डॉक्टर हड़ताल पर हैं। सरकार को इसकी सुध नहीं है। राज्य के युवा रोजगार के लिए तरस रहे हैं लेकिन यह सरकार न तो नियोजन नीति बना रही है और न ही स्थानीय नीति। ऐसी सरकार को एक मिनट भी गद्दी पर बने रहने का अधिकार नहीं है।